Parineeta

INR 75.00
Book Code : MP863
Availability : In Stock

शरत्चन्द्र चट्टोपाध्याय बांग्ला के सुप्रसिद्ध उपन्यासकार थे। उनकी अध्कितर रचनाओं को हिन्दी में अनुवाद किया गया है। उनका जन्म हुगली जिले के देवानंदपुर में 15 सितंबर, 1876 में हुआ था। उनका बचपन कष्टों से भरा हुआ था। शरत्चन्द्र के जीवन पर रवींद्रनाथ ठाकुर और बंकिमचंद्र चट्टोपाध्याय का गहरा प्रभाव था।

शरत्चन्द्र द्वारा रचित ‘परिणीता’ एक लोकप्रिय उपन्यास है। ललिता सुंदर एंव सादगी से परिपूर्ण लड़की है, जो बचपन से ही मुंहबोले भाई शेखर के साथ रहती है। शेखर ललिता से मन ही मन प्यार करने लगता है, जबकि ललिता इन सब बातों से अनजान है। अब तक ललिता को एक रुपये की भी जरूरत होती तो शेखर से ही मांगती थी, परंतु इन भावों को जानने के बाद क्या ललिता शेखर के सामने जा पाएगी...

शरत्चन्द्र ने इस कहानी में स्त्री-पुरुष के छुपे हुए भाव को शब्दों द्वारा चित्रित किया है।

Subject Hindi Classics
No. of Pages88
Language Hindi
Author Sharat Chandra Chattopadhyay

Buy Now

Scroll